चित्र-कथा

महारानी ताराबाईऔरंगज़ेब को थकाने वाली

1700 में छत्रपति राजाराम के निधन के बाद उन्होंने स्वयं दक्कन में औरंगज़ेब की सेनाओं के विरुद्ध मराठा युद्ध का नेतृत्व किया, 1707 में उसकी मृत्यु तक।

लगभग 1675–1761 ई.; संरक्षिका 1700–1707

पूरा जीवन
1शिवाजी के सेनापति हंबीरराव मोहिते की पुत्री।हंबीरराव मोहिते
2मार्च 1700 से पुत्र शिवाजी द्वितीय की संरक्षिका।महारानी ताराबाई · शिवाजी द्वितीय
33 मार्च 1707 को अहमदनगर में औरंगज़ेब की मृत्यु, युद्ध अधूरा रहा।महारानी ताराबाई · मुग़ल सेना
4अलग मराठा गद्दी की स्थापना, जो आगे कोल्हापुर कहलाई।महारानी ताराबाई · प्रजा
59 दिसंबर 1761 को सातारा में देहांत।महारानी ताराबाई

इन तथ्यों के स्रोत

  • Muntakhab-ul-Lubab (Khafi Khan)
  • Maasir-i-Alamgiri (Saqi Mustaid Khan, 1710)
  • Peshwa Daftar records (Selections, ed. G. S. Sardesai)

वीरभोग्या वसुन्धरा

चित्र इस साइट के लिए बनाए गए हैं; चेहरे, वस्त्र और दृश्य चित्रण हैं, प्रतिमा नहीं। हर शीर्षक नायक के पृष्ठ का एक तथ्य है।