चित्र-कथा

वीरपांडिय कट्टबोम्मनकर न देने वाले वीर

पांचालंकुरिचि के इस पालैयक्कारर ने कंपनी को कर देने से इनकार किया, 1799 में उसकी सेना से लड़े और 16 अक्टूबर 1799 को कयत्तार में फाँसी पर चढ़ाए गए।

1760–1799 ई.

पूरा जीवन
11790 में पांचालंकुरिच्चि के सरदार बने।वीरपाण्ड्य कट्टबोम्मन · प्रजा
21798 में रामनाथपुरम में कलेक्टर जैक्सन से टकराव।वीरपाण्ड्य कट्टबोम्मन · अंग्रेज़
3सितंबर 1799 में पांचालंकुरिच्चि पर धावा।वीरपाण्ड्य कट्टबोम्मन · अंग्रेज़
416 अक्टूबर 1799 को कयत्तार में फाँसी।वीरपाण्ड्य कट्टबोम्मन
51974 में तमिलनाडु सरकार ने पांचालंकुरिच्चि में किला-स्मारक फिर बनवाया।वीरपाण्ड्य कट्टबोम्मन

इन तथ्यों के स्रोत

  • Tinnevelly District Gazetteer (H. R. Pate, 1917)
  • Bannerman’s report to the Madras government, 1799
  • S. Rajayyan, The South Indian Rebellion 1800–1801 (1971)

वीरभोग्या वसुन्धरा

चित्र इस साइट के लिए बनाए गए हैं; चेहरे, वस्त्र और दृश्य चित्रण हैं, प्रतिमा नहीं। हर शीर्षक नायक के पृष्ठ का एक तथ्य है।