01गोरखा
1559 में द्रव्य शाह ने गोरखा का छोटा पहाड़ी राज्य लिया। यह परिवार अपने सैनिकों को गुरु गोरखनाथ के नाम से जोड़ता था, जिनकी गुफा गोरखा दरबार के नीचे है। सत्रहवीं शताब्दी के आरम्भ में राम शाह अपने न्यायपूर्ण नियमों के लिए याद किए गए। दो शताब्दियों की पहाड़ी राजनीति के बाद 1743 में पृथ्वीनारायण शाह सिंहासन पर बैठे, समृद्ध काठमाण्डू घाटी लेने की योजना के साथ।
02पृथ्वीनारायण शाह
1744 में उन्होंने नुवाकोट लिया, फिर घाटी के व्यापार-मार्ग काटकर वर्षों उसे भूखा रखा। 1767 में कीर्तिपुर गिरा। 1768 में इन्द्र जात्रा के दिन उनकी सेना काठमाण्डू में घुसी; फिर पाटन, और 1769 में भक्तपुर। जीवन के अन्त में बोले गए 'दिव्य उपदेश' में उन्होंने नेपाल को 'चार जात छत्तीस वर्ण की फुलवारी' कहा और ईस्ट इण्डिया कम्पनी से सावधान किया: उनसे मित्रता रखो, पर उन्हें पहाड़ में कभी न आने दो। 1775 में उनका देहान्त हुआ।

03कम्पनी से युद्ध और राणा शताब्दी
गोरखाली सेनाएँ पश्चिम में सतलुज तक बढ़ीं और 1814–16 में ईस्ट इण्डिया कम्पनी से लड़ीं। 1816 की सुगौली सन्धि में कुमाऊँ, गढ़वाल और काली के पार की भूमि चली गई, पर नेपाल स्वतन्त्र रहा। 1846 में कोत पर्व के बाद जंग बहादुर कुँवर ने सत्ता ले ली और वंशानुगत राणा प्रधानमन्त्री पद की नींव रखी; एक शताब्दी तक शाह राजा नाम के राजा रहे। राजा त्रिभुवन 1950 में भारत गए और 1951 में लौटे, जब राणा शासन समाप्त हुआ।
04राजतन्त्र का अन्त
1 जून 2001 को नारायणहिटी महल में राजा बीरेन्द्र, रानी ऐश्वर्या और राजपरिवार के अधिकांश सदस्यों की गोली मारकर हत्या हुई; सरकारी जाँच ने युवराज दीपेन्द्र का नाम लिया। बीरेन्द्र के भाई ज्ञानेन्द्र राजा बने। 2006 के जन-आन्दोलन के बाद संसद ने नेपाल को धर्मनिरपेक्ष घोषित किया, और 28 मई 2008 को संविधान सभा ने राजतन्त्र समाप्त कर दिया। शाह राजा पृथ्वी के अन्तिम हिन्दू सम्राट थे।

शासक
- 1द्रव्य शाहगोरखा राज्य की स्थापना1559–1570
- 2राम शाहन्यायपूर्ण नियमों के लिए स्मरणीय1606–1636
- 3पृथ्वीनारायण शाहनेपाल का एकीकरण; 1768 में काठमाण्डू लिया1743–1775
- 4प्रताप सिंह शाह1775–1777
- 5रण बहादुर शाह1777–1799
- 6गीर्वाण युद्ध विक्रम शाहकम्पनी से युद्ध; सुगौली1799–1816
- 7राजेन्द्र विक्रम शाह1816–1847
- 8सुरेन्द्र विक्रम शाहजंग बहादुर राणा के अधीन राजा1847–1881
- 9पृथ्वी वीर विक्रम शाह1881–1911
- 10त्रिभुवन1951 में राणा शासन का अन्त1911–1955
- 11महेन्द्र1955–1972
- 12बीरेन्द्रराजमहल हत्याकाण्ड में मारे गए1972–2001
- 13ज्ञानेन्द्रनेपाल के अन्तिम राजा2001–2008
उनकी विरासत
- संगठित नेपाल राष्ट्र, जो कभी उपनिवेश नहीं बना
- गोरखा दरबार और गोरखनाथ गुफा
- भारतीय और ब्रिटिश सेनाओं की गोरखा पलटनें
- पृथ्वीनारायण शाह का दिव्य उपदेश

