नए राम जन्मभूमि मंदिर में अरुण योगीराज द्वारा श्याम शिला में तराशी गई पाँच वर्षीय रामलला की मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा हुई। उस संध्या भारत भर के घरों में दीये जले।